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मां का दूध बढ़ाते हैं यह 7 उपाय
मां का पहला दूध बचà¥à¤šà¥‡ के लिठअमृत समान होता है, जो उसे पोषण पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करता है। वहीं मां के लिठà¤à¥€ सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ कराना दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ का सबसे बड़ा सà¥à¤– होता है। लेकिन कई बार कà¥à¤› विशेष करणों के सà¥à¤¤à¤¨ में दूध की कमी हो जाती है, जिससे बचà¥à¤šà¥‡ को परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ à¤à¥‹à¤œà¤¨ नहीं मिल पाता।
यह सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ मां और नवजात दोनों के लिठसमसà¥à¤¯à¤¾ पैदा करती है। हम बता रहे हैं कà¥à¤› à¤à¤¸à¥‡ उपाय, जो इस समसà¥à¤¯à¤¾ से आपको बचाने में मदद करेंगे। जानिठपà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक रूप से दूध बढ़ाने के कà¥à¤› विशेष उपाय -
1 पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ - पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• à¤à¥‹à¤œà¤¨ करने से मां के सà¥à¤¤à¤¨ में दूध की मातà¥à¤°à¤¾ बढ़ने लगती है। शरीर में दूध उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¤¨ के लिठअचà¥à¤›à¥‡ और पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• खानपान की बहà¥à¤¤ आवशà¥à¤¯à¤•ता होती है। जौ, दलिया और दूध को खाने से à¤à¥€ काफी लाठमिलता है।
2 सूखे मेवे - मां बनने के बाद जितना हो सके सूखे मेवों का सेवन करना चाहिà¤à¥¤ काजू, बादाम, पिसà¥à¤¤à¤¾ जैसे मेवे सà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ में दूध की मातà¥à¤°à¤¾ को बढ़ाते हैं। साथ ही ये विटामिन, मिनरल और पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ से à¤à¥€ à¤à¤°à¤ªà¥‚र होते हैं।
3 तà¥à¤²à¤¸à¥€ और करेला - तà¥à¤²à¤¸à¥€ को सूप या शहद के साथ खाया जा सकता है, या फिर आप इसे चाय में डाल कर à¤à¥€ ले सकती हैं। करेला महिलाओं में लैकà¥â€à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨ सही करता है। करेला बनाते वकà¥â€à¤¤ हलà¥â€à¤•े मसालों का ही पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— करें ताकि यह आसानी से हजम हो सके।
4 सौंफ - आयà¥à¤°à¥à¤µà¥‡à¤¦ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° सौंफ का सेवन सà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ में दूध की कमी को दूर करने में मदद करता है। इसलिठआप सà¥à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ में दूध की मातà¥à¤°à¤¾ को ठीक करने के लिठसौंफ का सेवन कर सकती हैं।
5 लहसà¥à¤¨ - लहसà¥à¤¨ खाने से à¤à¥€ दूध बनाने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ती है। लहसà¥à¤¨ को कचà¥à¤šà¤¾ खाने की बजाठउसे पकाकर खाना अधिâ€à¤• लाà¤à¤ªà¥à¤°à¤¦ होगा। अगर आप लहसà¥à¤¨ को नियमित खाती हैं तो आपको लाठअवशà¥à¤¯ होगा।
6 शिशॠको सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ कराते समय सà¥à¤¤à¤¨ को बदलते रहना चाहिà¤à¥¤ इससे शरीर में दूध उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¤¨ बढ़ेगा। साथ ही à¤à¤¸à¤¾ करने से आपका बचà¥à¤šà¤¾ à¤à¥€ आराम से सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ कर सकेगा।
जनà¥à¤® के बाद à¤à¤• घंटे तक नवजात शिशॠमें सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ करने की तीवà¥à¤° इचà¥à¤›à¤¾ होती है। इसलिठजनà¥à¤® के बाद जितनी जलà¥à¤¦à¥€ मां, बचà¥à¤šà¥‡ को दूध पिलाना शà¥à¤°à¥‚ कर दे, उतना अचà¥à¤›à¤¾ है। आमतौर पर जनà¥à¤® के 45 मिनट के अनà¥à¤¦à¤° सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ शà¥à¤°à¥‚ करवा देना चाहिà¤à¥¤
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